लालगंज आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। वाराणसी से वाया लालगंज आजमगढ़ रेल लाइन निर्माण की मांग को लेकर चल रहे जन आंदोलन के तहत गांव-गांव में ‘रेल पंचायत’ आयोजित करने का अभियान शुरू कर दिया गया है। पहली रेल पंचायत लालगंज विकासखंड के बनारपुर गांव में आयोजित हुई, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों और युवाओं ने भाग लिया तथा रेल निर्माण आंदोलन को समर्थन देने का संकल्प लिया।
रेल पथ निर्माण संघर्ष समिति के संयोजक राजेश शुक्ला ने बताया कि रेल लाइन निर्माण की मांग को लेकर 27 अप्रैल को उपजिलाधिकारी लालगंज को ज्ञापन सौंपा गया था। इसके बाद 16 मई को रेल मार्च निकाला गया, जिसमें हजारों लोगों ने भाग लिया और लगभग 10 किलोमीटर तक मार्च किया। आंदोलन के अगले चरण में बाजारों और गांवों में शांतिपूर्ण मशाल जुलूस निकाले जाएंगे। प्रत्येक स्थान पर शाम सात बजे के बाद मशाल जुलूस आयोजित होगा।
मशाल जुलूसों और जनजागरण कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए प्रत्येक गांव में ‘रेल पंचायत’ आयोजित की जा रही है। इन पंचायतों में ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि ऊधव सिंह सोनू, नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि शरद यादव, फेंकू सिंह महाविद्यालय के प्रबंधक अमरनाथ सिंह, वरिष्ठ अधिवक्ता संतोष राय सहित आंदोलन से जुड़े सामाजिक कार्यकर्ता, पत्रकार और अधिवक्ता भाग ले रहे हैं।
पहली रेल पंचायत बनारपुर गांव में शनिवार की शाम नूर आजम उर्फ मिट्ठू भाई के आवास पर हुई। दूसरी रेल पंचायत रविवार शाम बनारपुर में कासिफ प्रधान के आवास तथा बसही गांव में सालेहिन प्रधान के आवास पर आयोजित की जाएगी।
समिति की ओर से रेल लाइन निर्माण के समर्थन में हस्ताक्षर अभियान भी चलाया जा रहा है। रेल मंत्रालय और केंद्र सरकार को भेजे जाने वाले ज्ञापन पर ग्रामीणों से हस्ताक्षर कराए जा रहे हैं। यह अभियान लगातार जारी रहेगा। समिति का कहना है कि रेल लाइन निर्माण तक संघर्ष और जनजागरण कार्यक्रम जारी रहेंगे।
रिपोर्ट-मकसूद अहमद