रानीकीसराय आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। स्थानीय क्षेत्र की प्रसिद्ध धार्मिक स्थली अवंतिकापुरी आवंक धाम सरोवर के सफाई के लिए अब ग्रामीणों ने ही हाथ बढाना शुरू कर दिया। जनसहयोग से सफाई शुरु कराकर सरकारी मदद को ठेगा दिखाया है। अमृत सरोवर के रुप मे चयनित न होने से श्रद्वालुओं में मायूसी थी। जबकि सर्वे भी 84 बीघे के सरोवर का हुआ था।
रानीकीसराय क्षेत्र की आवंक मंे स्थित अवंतिकापुरी धाम जो आस्था का प्रतीक है। वर्ष में दो बार विशाल स्नान मेला लगता है। पूर्वांचल के श्रद्वालु डूबकी लगाते है। 84 बीघे का नाग हवन कुंड जो वर्तमान मंे सरोवर के रुप मे विद्धमान है। शासन द्वारा अमृतसरोवर के रुप मे चयन शुरू हुआ तो यहा भी सर्वे के लिए टीम पहुची थी। इससे पूर्व अवंतिका सेवा समिति के मुखराम गुप्ता, अरुण कुमार मौर्य, गुलाबचंद गुप्त, महेन्द्र कुमार आदि ने जिलाधिकारी से मिलकर गुहार भी लगाई थी। टीम जब सर्वे कर लौटी तो नागरिकों को लगा कि सरोवर की भी खुदाई और सीढी निर्माण हो जायेगा तो सुदृढ़ हो जायेगा लेकिन ऐसा नही हो सका। सरोवर की सफाई के लिए ग्रामीणों ने ही बेडा उठा लिया। ग्राम प्रधान जाहिद खां के नेतृत्व मे दर्जन भर लोगो ने आपस मे चंदे के सहारे सफाई शुरू करा दी है। जाहिद खा ने कहा अगले माह स्नान मेला होगा और जनप्रतिनिधियों से लगायत शासन द्वारा भी काया कल्प के बारे मे नही सोचा तो जनसहयोग जरूरी हो गया। इसमे तकरीबन डेढ लाख चंदा इकट्ठा भी हो चुका है आवक समेत आस पास के घरों से भी सहयोग मिल रहा है। अभियान में शैलेश कुमार, हवलदार, राजेश कुमार, मुखराम गुप्ता, अरुण आदि लोग लगे रहे।
रिपोर्ट-प्रदीप वर्मा