फूलपुर आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। मां भवानी सेवा समिति के तत्वाधान में पुजारी विशाल पांडेय के नेतृत्व में मां भवानी मंदिर परिसर के सरस्वती शिशु मंदिर प्रांगण में में चल रहे संगीतमयी श्रीमद् भागवत कथा सप्ताह द्वितीय दिवस को सुबह वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजन अर्चन विद्वान पंडितो द्वारा किया गया। श्री धाम वृन्दावन से पधारे श्री अखिल कृष्ण जी महराज ने कहा हाय, बाय में आज मार्डन बनने की चाह में संस्कृति न भूले। खुद संस्कारी हों और बच्चों को भी संस्कार की शिक्षा दें।
उन्होंने कहा कि आधुनिक युग में भी संस्कृति और संस्कार के साथ भारतीय परम्परा जीवंत बनाए रखना है। उन्होंने कहा कि एक बार पृथ्वी लोक पर नारद जी भ्रमण को आए। पृथ्वी लोक की दशा देखकर उनका मन द्रवित हो उठा। देव लोक में सनकादिक मुनि से श्रीमद् भागवत जी की महिमा सुनकर नारद जी अत्यंत प्रसन्न हुए और उन्होंने मुनि जी से कहां मैं श्रीमद् भागवत जी का ज्ञान यज्ञ पृथ्वीलोक पर अवश्य करूंगा और आप मुझे यह स्पष्ट कर दीजिए। उसी श्रीमद् भागवत कथा को किस समय और स्थान पर करना उचित होगा और श्री नारद जी ने श्री भागवत कथा हरिद्वार में आनंद नामक घाट पर श्री भागवत कथा कराया इसे सभी देवी देवता पशु पक्षी सभी जीव जंतु जुटे और श्रीमद भागवत कथा श्रवण किया जिससे सबका उद्धार हुआ। महाभारत कथा के साथ में भीष्म पितामह शरशैय्या पर लेटे हुए श्री कृष्ण जी पाण्डवों द्रौपदी के साथ आशीर्वाद लेने जाते है जिसकी वृतान्त कथा से श्रद्धालु भाव विभोर हो गए।
इस अवसर पर अशोक पाण्डेय, प्रवेश, विजय, नितेश, लवकुश, विनोद, पार्वती, अमृता, अनीता गायत्री, उर्मिला आदि श्रद्धालु उपस्थित रहे।
रिपोर्ट-पप्पू सिंह/मुन्ना पाण्डेय