अतरौलिया आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। ग्रामीण पुनर्निर्माण संस्थान द्वारा ग्राम पंचायत खानपुर रना तथा रतुआपार के पंचायत भवन पर राष्ट्रीय सुरक्षित मातृत्व दिवस के अवसर पर गर्भवती महिलाओं के साथ बैठक किया गया। संस्था कार्यकर्ता ज्योति ने बताया कि हर साल 11 अप्रैल को भारत में सुरक्षित मातृत्व दिवस मनाया जाता है। राष्ट्रीय सुरक्षित मातृत्व दिवस 2026 गर्भावस्था और प्रसव के दौरान मातृ देखभाल और सुरक्षा के प्रति जागरूकता लाने के लिए मनाया जाता है।
उन्होंने बताया कि भारत दुनिया में सबसे ज्यादा मातृत्व मृत्यु दर वाले देशों में से एक है। इस दौरान महिलाओं को खास देखभाल की जरूरत होती है। आशा संगिनी कंचन पांडेय ने बताया कि भारत में हर साल 11 अप्रैल को सुरक्षित मातृत्व दिवस के रूप में मनाया जाने वाला यह दिन सुरक्षित गर्भावस्था के महत्व और माताओं और शिशुओं के लिए जोखिमों की रोकथाम पर जोर देता है। प्रसव के बाद महिलाओं का शरीर काफी कमजोर हो जाता है। गर्भावस्था और प्रसव के दौरान शरीर को बहुत नुकसान होता है और उसकी पूर्ति के लिए खानपान और लाइफस्टाइल में बदलाव लाना महत्वपूर्ण है।
इस समय 14 से 15 वर्ष के अंदर की जो किशोरियां हैं उनको सर्वाइकल कैंसर से बचने के लिए सघन रूप से टीका लग रहा है। टीकाकरण जरूर करवाएं ताकि आने वाले समय में उन्हें बच्चेदानी में होने वाले कैंसर से बचाया जा सके।
रिपोर्ट-आशीष निषाद