अतरौलिया आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। स्थानीय निरीक्षण भवन में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान कांग्रेस, सपा और विपक्षी राजनीति पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता बिना समय लिए मायावती से मिलने पहुंचे, जिसका मकसद केवल समाजवादी पार्टी पर दबाव बनाना और राजनीतिक सौदेबाजी करना था।
उन्होंने कहा कि किसी बड़े नेता से मिलने से पहले समय लिया जाता है, लेकिन कांग्रेस के लोग सीधे मायावती जी से मिलने पहुंच गए। उनका उद्देश्य सपा को यह संदेश देना था कि वे बसपा से भी समझौता कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि मायावती एक बड़ी नेता हैं और भविष्य में किसी भी राजनीतिक समीकरण को बदल सकती हैं। हालांकि असली तस्वीर चुनाव परिणामों के बाद ही साफ होगी।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के खिलाफ दिए गए ‘गद्दार’ और ‘टूल’ जैसे बयानों पर राजभर ने कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हम ऐसे बयानों की निंदा करते हैं। जो खुद साइकिल चोर होता है, वह दूसरों को भी चोर समझता है।
राजभर ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी विदेशों में जाकर भारत की छवि खराब करते हैं। साथ ही उन्होंने विपक्ष के ईवीएम पर उठाए जा रहे सवालों पर भी कटाक्ष करते हुए पूछा कि यदि ईवीएम में गड़बड़ी है तो केरल में कांग्रेस की सरकार कैसे बनी?
सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहे ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ शब्द और अखिलेश यादव के ट्वीट पर भी राजभर ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि एक जज द्वारा युवाओं को ‘कॉकरोच’ कहे जाने के बाद युवाओं में नाराजगी बढ़ी और यही शब्द सोशल मीडिया पर ट्रेंड करने लगा। उन्होंने कहा, यह जनता और युवाओं का गुस्सा है, जो कुछ दिनों में शांत हो जाएगा।
प्रदेश में पड़ रही भीषण गर्मी और बिजली कटौती के सवाल पर कैबिनेट मंत्री ने कहा कि सरकार गांवों में 18 घंटे और कस्बों में 22 घंटे बिजली देने का प्रयास कर रही है। उन्होंने बढ़ती बिजली खपत को समस्या का मुख्य कारण बताया। मदरसों और विद्यालयों में ‘वंदे मातरम’ अनिवार्य किए जाने के सवाल पर राजभर ने कहा कि भारत में रहने वाले हर नागरिक को राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान का सम्मान करना चाहिए।
रिपोर्ट-आशीष निषाद