आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। शासन के पूर्व निर्देश के क्रम में मण्डलायुक्त विवेक एवं अपर आयुक्त (प्रशासन) शमशाद हुसैन ने मंगलवार को तहसील सदर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान आयुक्त को तहसील परिसर में साफ-सफाई खराब मिली। उन्होने शुद्ध पेयजल की व्यवस्था, आगन्तुकों के बैठने आदि की तत्काल समुचित व्यवस्था कराने के सम्बन्ध में निर्देश दिया।
लम्बित वादों के निस्तारण के निरीक्षण के दौरान मण्डलायुक्त ने संबंधित पीठासीन अधिकारियों को निर्देशित किया कि विभिन्न धाराओं के अन्तर्गत 3 वर्ष से अधिक एवं 5 वर्ष से अधिक अवधि से लम्बित राजस्व वादों के निस्तारण को प्राथमिकता देते हुए मानक के अनुरूप वादों का निस्तारण सुनिश्चित करें।
उन्होने आईजीआरएस पटल के निरीक्षण में पाया कि 4-5 माह से नियमित रूप से रजिस्टर में अंकन नहीं किया गया है, जो अंकन किया भी गया है, वह प्रविष्टियां गलत अंकित की गयी हैं तथा संदर्भों का निस्तारण भी गुणवत्ता के अनुरूप नहीं है। मण्डलायुक्त ने इस पर सख्त नाराजगी व्यक्त किया। मौके पर उपस्थित एसडीएम नरेन्द्र गंगवार द्वारा बताया गया कि आईजीआरएस पटल सहायक संजय कुमार के विरूद्ध कार्यों में लापरवाही, शिथिलता आदि मिलने पर पूर्व से ही विभागीय कार्यवाही प्रचलित है। मण्डलायुक्त ने आईजीआरएस पटल के दयनीय स्थिति पर सख्त नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित पटल सहायक संजय कुमार को प्रतिकूल प्रविष्टि देने हेतु निर्देशित किया। इसके साथ ही पर्यवेक्षणीय दायित्वों के निर्वहन में प्रथम दृष्ट्या शिथिलता पाये जाने पर तहसीलदार सदर योगानन्द पाण्डेय से भी स्पष्टीकरण तलब किया।
उन्होने निरीक्षण के दौरान उपस्थित उप जिलाधिकारी, तहसीलदार आदि को प्रतिदिन प्रातः 10 बजे से 12 बजे तक कार्यालय कक्ष मंे अनिवार्य रूप से बैठकर जन समस्याओं को सुनने और उसका गुणवत्तापूर्ण निस्तारण कराये जाने के प्रति आगाह किया।
रिपोर्ट-सुबास लाल