अतरौलिया आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। अक्टूबर माह में सोमवार शाम अचानक मौसम का मिजाज बदल गया। तेज हवा के साथ हुई बारिश से खेतों में पककर तैयार खड़ी धान की फसल खेतों में गिर गई, वहीं गन्ने की फसल भी तेज हवा के झोंकों से लुढ़क गई। इससे किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। बारिश और हवा के कारण सब्जियों की फसल भी प्रभावित हुई है।
शाम को अचानक तेज हवाओं के साथ शुरू हुई बारिश से तापमान में गिरावट आ गई। तेज हवा के चलते कई खेतों में धान की पक चुकी बालियां जमीन पर बिछ गईं। किसानों के मुताबिक, फसल तैयार होने के समय बारिश और तेज हवा ने उनकी मेहनत पर पानी फेर दिया। गन्ने की खड़ी फसल भी गिरने से किसानों को आर्थिक नुकसान की चिंता सताने लगी है।
गोरहरपुर गांव निवासी किसान राधेश्याम मौर्य, बहादुर मौर्य, राजनाथ मौर्य तथा गोविंदपुर निवासी राम ललित मौर्य और आनंद मौर्य ने बताया कि बारिश और तेज हवा से सब्जियों की फसल को भी काफी नुकसान हुआ है। खेतों में लगी गोभी, टमाटर, पालक, धनिया, बैंगन और लहसुन की फसल प्रभावित हुई है। किसानों का कहना है कि यदि बारिश के साथ ओले पड़ गए तो नुकसान और बढ़ सकता है।
किसानों ने बताया कि धान की फसल पककर तैयार हो चुकी है। ऐसे समय में तेज बारिश और हवा से फसल गिरने पर कटाई में परेशानी होगी और उत्पादन पर भी असर पड़ेगा। वहीं गन्ने की फसल गिरने से उसकी गुणवत्ता प्रभावित होने के साथ किसानों की लागत और मेहनत भी डूबने का खतरा है।
अतरौलिया क्षेत्र और आसपास के इलाकों में शाम से रुक-रुककर बारिश जारी रहने से जनजीवन भी प्रभावित हुआ। अचानक बदले मौसम ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। किसानों को आशंका है कि यदि मौसम इसी तरह खराब रहा और ओलावृष्टि हुई तो खेतों में खड़ी फसलों को भारी नुकसान हो सकता है।
रिपोर्ट-आशीष निषाद