आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। 1 सितंबर को समाजवादी पार्टी के फ्रंटल संगठनों के युवा नेताओं को कोतवाली में बंद कर प्रताड़ित करने के विरोध में 7 सितंबर को समाजवादी पार्टी का प्रतिनिधि मंडल जिलाध्यक्ष हवलदार यादव के नेतृत्व में पुलिस अधीक्षक से मिला।
समाजवादी पार्टी का प्रतिनिधिमंडल 1 सितंबर को आर.एस.एस. द्वारा आयोजित कार्यक्रम में कुलपति प्रोफ़ेसर संजीव कुमार द्वारा अध्यक्षता किए जाने के विरोध में समाजवादी छात्र सभा संगठनों द्वारा विरोध करने पर 15 छात्रों को कोतवाली के लाकअप में बंद कर दिया गया। 7 घंटे तक बंद किए जाने के बाद उन्हे छोड़ा गया। उनकी रिहाई के बाद सी.ओ. सिटी द्वारा छात्रों को मानसिक टॉर्चर कर, भयभीत के विरोध में प्रतिनिधि मंडल वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से मिला।
एस.पी. से बात के दौरान कहा गया की अभिव्यक्ति की आजादी व विरोध प्रदर्शन, संवैधानिक अधिकार है। पुलिस की इस बर्बरता से छात्रों में आक्रोश है। अधिकारियों के ऐसे व्यवहार से टकराहट होती है। प्रतिनिधिमंडल ने जनपद में हो रही बढ़ते अपराधों, सामंती लोगों द्वारा पी.डी.ए.के लोगों का दमन, पुलिस द्वारा रिपोर्ट न दर्ज करने से जनता को न्याय नहीं मिल रहा है। थानों, तहसीलों पर धन उगाही, दबंगों के प्रभाव में आकर अधिकारियों, कर्मचारियों द्वारा मनमाना किए जाने से जनता परेशान है।
प्रतिनिधि मंडल में स.पा. जिलाध्यक्ष हवलदार यादव, सांसद दरोगा प्रसाद सरोज, विधायक अखिलेश यादव, विधायक डॉ.संग्राम यादव, विधायक कमलाकांत राजभर, जिला पंचायत अध्यक्ष विजय यादव आदि लोग उपस्थित रहे।
रिपोर्ट-सुबास लाल/ज्ञानेन्द्र कुमार