फूलपुर आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। स्थानीय विकास खंड में समूह सखी के पद पर कार्यरत महिलाओं ने मानदेय भुगतान नहीं होने, लॉगिन आईडी-पासवर्ड उपलब्ध नहीं कराने और मानदेय संबंधी पत्रावली जमा नहीं करने का आरोप लगाया है। इस संबंध में समूह सखियों ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। वहीं, मामले की जांच में भी कुछ समूह सखियों का मानदेय भुगतान नहीं होने की बात सामने आई है।
शिकायत के अनुसार, समूह सखियों रेखा, नीलम, बविता मौर्या, सावित्री मौर्या, मिथिलेश और गुंजन को जून 2025 से फरवरी 2026 तक का मानदेय नहीं मिला है। इसके अलावा कुछ समूह सखियों को काम करने के लिए आवश्यक लॉगिन आईडी और पासवर्ड भी उपलब्ध नहीं कराया गया है। सावित्री मौर्या, मिथिलेश और नीलम की मानदेय पत्रावली ब्लॉक मिशन प्रबंधक (बीएमएम) स्तर से जमा नहीं किए जाने की भी शिकायत की गई है।
समूह सखियों ने ब्लॉक मिशन प्रबंधक गोपाल गौतम और शिरीन फातिमा पर अपनी समस्याएं बताने कार्यालय पहुंचने पर अभद्र व्यवहार करने, गाली-गलौज करने तथा पुलिस बुलाकर मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि बातचीत की रिकॉर्डिंग भी उनके पास उपलब्ध है।
मामले में बीडीओ के कार्यालय आदेश 22 सितंबर 2026 के क्रम में 28 सितंबर को सहायक विकास अधिकारी (आरडी) द्वारा जांच की गई। जांच आख्या में उल्लेख किया गया है कि संबंधित समूह सखियों का मानदेय नवसृजित प्रेरणा संकुल स्तरीय संघ-कर्नरी में प्राप्त हुआ था, लेकिन गोपाल गौतम द्वारा उन्हें मानदेय नहीं दिया गया। जांच अधिकारी ने अपनी आख्या आवश्यक कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को प्रेषित की है।
समूह सखियों ने जिलाधिकारी से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराकर बकाया मानदेय दिलाने, लॉगिन आईडी-पासवर्ड उपलब्ध कराने और लंबित पत्रावलियों का निस्तारण कराने की मांग की है। साथ ही संबंधित ब्लॉक मिशन प्रबंधकों को हटाने और आरोपों की जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग उठाई है।
इस संबंध में बीडीओ फूलचन्द सरोज ने बताया कि शिकायती पत्र मिला है, जांच कराई जाएगी और रिपोर्ट उच्च्चाधिकारियांे को भेज दी जाएगी।
रिपोर्ट-पप्पू सिंह/मुन्ना पाण्डेय