आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। हरिऔध साहित्य सेवा संस्थान के तत्वावधान में मड़या स्थित एक होटल में आयोजित भव्य काव्य संध्या समारोह में कवियों ने अपनी भावपूर्ण रचनाओं से श्रोताओ को भाव विभोर कर उनका मन जीत लिया।
अध्यक्षता अखिल भारतीय काव्यमंच के संस्थापक हास्य-व्यंग्य कवि डॉ. प्रमोद वाचस्पति तथा संचालन साहित्यकार संजय कुमार पाण्डेय सरस ने किया। मुख्य अतिथि नवकुंभ साहित्य सेवा संस्थान के महाराष्ट्र अध्यक्ष विनय शर्मा दीप, जिला सहकारी बैंक के पूर्व अध्यक्ष जयप्रकाश पांडेय, माँ शारदा स्नातकोत्तर महाविद्यालय के निदेशक संजय सिंह चंडेश्वर महाविद्यालय के हिंदी के विभागाध्यक्ष डॉ. प्रवेश सिंह ने दीप प्रज्वलन कर मां सरस्वती के चित्र का पूजन किया।
धार्मिक कवि सुभाष चन्द्र तिवारी कुन्दन ने अपनी रचना ‘वंदना मातु शारदा की, वाकनिधि बुद्धि ज्ञानदा की’, से सरस्वती वंदना की। तदुपरांत हरिऔध संस्थान की ओर से अध्यक्ष सुभाष चन्द्र तिवारी कुन्दन, महामंत्री संजय कुमार पाण्डेय सरस व संयुक्त मंत्री रवि कुमार जायसवाल, अन्तरराष्ट्रीय भोजपुरी संगम भारत के अध्यक्ष अरविंद चित्रांश, अम्बिका सेवा संस्थान के अध्यक्ष अभिषेक उपाध्याय और उमेश पांडेय ने अतिथियों को अंगवस्त्रम और सम्मानपत्र भेंट कर सम्मानित किया।
कार्यक्रम में मुंबई से पधारे विनय शर्मा दीप, सुभाष चन्द्र तिवारी कुन्दन, संजय कुमार पांडेय सरस, जौनपुर के कवि केआर स्नेही, रुद्रनाथ चौबे रुद्र, लालबहादुर चौरसिया लाल, ताज आजमी, श्रेया दुबे, रवि सिपाही ने अपनी रचनाओं से वाहवाही लूटी।
इस मौके पर भूमि विकास बैंक बूढ़नपुर के अध्यक्ष जयप्रकाश पांडेय, संजय सिंह, समाजसेवी अनिल सिंह, हर्षित सिंह, गिरीश सेठ, राजेश रंजन, शीला सिंह, अभिषेक उपाध्याय, विजय विश्वकर्मा, अनिल पांडेय, आशुतोष वंदन श्रीवास्तव, पंचदेव पांडेय, अभय दत्त गौड, दीपक जायसवाल, रजनीकांत तिवारी आदि उपस्थित थे।
रिपोर्ट-प्रमोद यादव/ज्ञानेन्द्र कुमार