लालगंज आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। नवरात्रि की सप्तमी तिथि पर श्रद्धा और विश्वास के साथ मां कालरात्रि की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। नवरात्रि के सातवें दिन मां कालरात्रि की उपासना का विशेष महत्व माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन साधक का मन सहस्रार चक्र में स्थित होता है और मां की कृपा से भय व बाधाएं दूर होती हैं।
पूर्व प्रधानाचार्य ओम प्रकाश सिंह (तिलखरा) ने बताया कि मां कालरात्रि भयंकरी स्वरूप होते हुए भी शुभ फल प्रदान करने वाली हैं। उनकी कृपा से भक्तों को जल भय, शत्रु भय, अग्नि भय और रोग भय समेत सभी प्रकार की आपदाओं से मुक्ति मिलती है। तिलखरा स्थित मां काली मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और हवन-पूजन के बाद भव्य आरती में भाग लिया। क्षेत्र में धार्मिक माहौल बना रहा और भक्तों ने मां से सुख-समृद्धि की कामना की।
इस अवसर पर ओम प्रकाश सिंह, अरुण कुमार सिंह, रामाश्रय सिंह उर्फ लल्ली सिंह, भानू पाठक, ओंकार सिंह, सोनू कश्यप, अभिषेक सिंह, संजय कश्यप सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
रिपोर्ट-मकसूद अहमद