पीड़ित परिवार लगा रहा है प्रशासनिक अधिकारियों के कार्यालय के चक्कर
पुलिस अधीक्षक ने दिया जांच कराकर कार्रवाई का आश्वासन
आजमगढ़ (सृष्टि मीडिया)। अपने बच्चे के आंख की रोशनी चले जाने से निराश पिता ने पुलिस अधीक्षक के दरबार में न्याय की गुहार लगाई है। मनोज, ग्राम कोहली बुजुर्ग, थाना कंधरापुर, का निवासी है। मनोज ने बताया कि वे अपने बेटे सौरभ (8) को आंख लाल होने की शिकायत पर नया चौक बिलरियागंज स्थित अस्पताल आई एवं दांत अस्पताल पर ले गए। बीते 22 अगस्त को उक्त अस्पताल में डॉक्टर आलम ने बेटे को आंख में डालने व खाने की दवा दी। ड्रॉप को आंख में डालने पर सौरभ की आंख में तेज दर्द होने लगा। मनोज बेटे सौरभ को लेकर पुन: डॉक्टर आलम के पास ले गए तो डॉक्टर आलम ने कहा परेशान मत हो कहीं जाने की ज़रुरत नहीं है, ठीक हो जाएगा। हमारे यहाँ आजमगढ़ से भी मरीज आते हैं। पुन: दवा देकर भेज दिया। उस दवा को डालने के बाद आँख से सफेद पदार्थ निकलने लगा तो पुन: लेकर जाने पर डॉक्टर कुछ नहीं बोल रहे थे। मनोज ने बताया कि मैं जिला अस्पताल ले गया तो डॉक्टर ने कहा कि इसकी आंख खराब हो गई है। इसका कोई इलाज नहीं है। आँख निकाल कर पत्थर की लगवानी पड़ेगी। फिर डॉक्टर ने हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया। पीड़ित ने बताया कि सौरभ का उक्त अस्पताल पर उपस्थित डॉक्टर को घोर लापरवाही एवं अनियमितता से मेरे बच्चे का जीवन बर्बाद होने की कगार पर है। उन्होंने डॉक्टर आलम डॉक्टर के विरुद्ध घोर लापरवाही, असावधानी और उपेक्षापूर्वक इलाज कर बेटे की आंख नष्ट करने के आरोप में कार्रवाई की मांग की है।