24 की तैयारी के लिए विपक्षियों को झूठे मुकदमें में फसा रही है सरकार-अखिलेश

शेयर करे

आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। सपा राष्ट्रीय अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष सदन अखिलेश यादव जेल में जहरीली शराब मामले में निरुद्ध सपा विधायक रमाकान्त यादव से मिलने गये। इस दौरान उन्होंने प्रदेश व केन्द्र सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होने कहा कि सपा विधायक रमाकान्त यादव को फर्जी तरीके से फंसाया गया है।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव आज इटौरा जेल में बंद अपने विधायक रमाकान्त यादव से मिलने पहंुचे। जेल में मिलने के बाद पत्रकारों से वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सपा नेताओं को चुन-चुन कर फर्जी मुकदमें में फंसाने का काम कर रही है। सपा विधायक रमाकान्त यादव को गलत मामलों में फंसाया गया है। उन्होंने कहा कि उनके ऊपर जो भी पुराने मामले थे उनमें उनको जमानत मिल चुकी थी लेकिन सरकार के इशारे पर प्रशासन ने उन्हें नये फर्जी मामले में फंसाकर जेल में डाल दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकारें सीबीआई और ईडी के साथ-साथ पुलिस का गलत इस्तेमाल कर रही है। उन्होने कहा कि मिर्जापुर में दाल में पानी है जिससे बच्चे नमक से रोटी खा रहे है की खबर छापने वाले पत्रकार पर फर्जी मुकदमा लगाया गया। साथ ही उन्होने कहा कि दिल्ली के बहुत से पत्रकार है जो सरकार की नीयत और मंशा के अनुरुप बात नहीं कही तो उन्हे संस्था से निकाल दिया गया तमाम ऐसे लोग हैं जिन्हे अपनी नौकरी छोड़नी पड़ी। मंहगाई और बेरोजगारी जैसे मुद्दो से जनता का ध्यान हटाने के लिए सरकार विपक्षियों को चिन्हित करके जेल भेजा जा रहा है विपक्षियों को जेल में भेज कर सरकार अभी से 2024 की तैयारी कर रही है। उन्होने कहा कि सदस्यता अभियान के बाद सपा बड़ा फैसला लेगी और दमखम के साथ 24 के चुनाव मंे उतरेगी। गठबंधन के मुद्दे पर उन्होने कहा कि भाजपा किसी को छोड़ेगी तब गठबंधन के बारे में सोचेगें। बिहार मे जेडीयू और आरजेडी की सरकार को बधाई देते हुए कहा कि बिहार से आस जगी है वहां भाजपा 24 के चुनाव में साफ होगी। सपा भी उत्तर प्रदेश में पूरी तैयारी के साथ लड़ेगी। चुनाव में हार की समीक्षा के बारे में उन्होने कहा कि सभी नेताओं से बात कर ली है 24 में पूरी की पूरी वापसी होगी। आम जनता महंगाई, बेरोजगारी और मूलभूत समस्याओं से जूझ रही है। आने वाले चुनावों में जनता भाजपा सरकार को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए तैयार बैठी है।
रिपोर्ट-प्रमोद कुमार यादव

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *