आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। जिलाधिकारी विशाल भारद्वाज ने बताया कि 75वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आजादी का अमृत महोत्सव अभियान के अन्तर्गत 11 से 17 अगस्त के मध्य ’’स्वतंत्रता सप्ताह’’ एवं 13 से 15 अगस्त तक हर घर तिरंगा कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। 13 से 15 अगस्त, तक ’’हर घर तिरंगा’’ कार्यक्रम के अन्तर्गत हर घर तिरंगा फहराया जाएगा। उन्होने बताया कि इसका प्रमुख उद्देश्य प्रत्येक नागरिक के मन में राष्ट्रप्रेम की भावना को जागृत करते हुए स्वतंत्रता के प्रतीकों के प्रति सम्मान का भाव उजागर करना है।
जिलाधिकारी ने राष्ट्रध्वज को तैयार करने हेतु महत्वपूर्ण टिप्स देते हुए बताया है कि झण्डे का आकार आयताकार होना चाहिए, तथा इसकी लम्बाई एवं चौड़ाई का अनुपात 3ः2 होनी चाहिए। यदि झण्डे की लम्बाई 3 फीट हो तो चौड़ाई 2 फीट होनी चाहिए। झण्डा बनाने की सामग्री खादी अथवा हाथ से कता हुआ कपड़ा, मशीन से बना हुआ कपड़ा, सूती, पॉलीस्टर, ऊनी, सिल्क आदि हो सकती है। झण्डे तीन रंगों में सबसे ऊपर केसरिया, बीच में सफेद तथा नीचे हरे रंग का प्रयोग कर बनाये जायेंगे। सफेद पट्टी में 24 तीलियों वाले अशोक चक्र को बाद में प्रिन्ट किया जाना चाहिए।
उन्होने यह भी बताया कि राष्ट्रध्वज फहराते समय प्रत्येक नागरिक को अपने आवास, स्कूल तथा सरकारी कार्यालयों में झण्डा सम्मान के साथ झण्डा संहिता का अनुपालन करते हुए फहराना व लगाना चाहिए। झण्डा फहराते समय सदैव केसरिया रंग की पट्टी झण्डे के ऊपर की तरफ होनी चाहिए। झण्डे को यदि सरकारी परिसर में फहराया जाता है तो सूर्योदय के उपरान्त ध्वजारोहण किया जाना चाहिये तथा सूर्यास्त के साथ ही सम्मान के साथ इसे उतारना चाहिए। 11 से 17 अगस्त तक निजी आवासों एवं प्रतिष्ठानों पर लगाये जाने वाले झण्डों को समयावधि के उपरान्त आदर भाव के साथ उतार कर सुरक्षित रखा जायेगा। झण्डा उतारने के बाद किसी भी नागरिक के द्वारा इसे फेंका नहीं जायेगा। उसे सम्मान के साथ फोल्ड करके रखा जाना चाहिए। विशेष परिस्थितियों में झण्डा रात्रि में फहराया जा सकता है। हर घर पर झण्डा विधिवत् तरीके से लगाया जाना चाहिए। आधा झुका, फटा या कटा झण्डा लगाया जाना निषेध होगा।
रिपोर्ट-प्रमोद यादव