पटवध आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। जनपद के आजमगढ़-बिलरियागंज मुख्य मार्ग पर पटवध सरैया बाजार के पास कयाड़ नदी का संकरा पुल लंबे समय से हादसों का कारण बना हुआ है। पुल की संकरी चौड़ाई के चलते यहां आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं और कई लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। इसके बावजूद वर्षों से निर्माणाधीन नए पुल का कार्य पूरा नहीं हो सका है, जिससे क्षेत्रीय लोगों में आक्रोश है।
इस मार्ग पर प्रतिदिन हजारों भारी वाहनों के साथ छोटे-बड़े वाहनों का आवागमन होता है। इसी मार्ग से देवांचल क्षेत्र के अलावा जीयनपुर, महाराजगंज और रौनापार सहित कई इलाकों के लोग आवागमन करते हैं। ऐसे में पुल की बदहाल स्थिति से हर समय दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
क्षेत्रीय लोगों की समस्या को देखते हुए करीब 7-8 वर्ष पूर्व पुराने पुल के बगल में नए पुल के निर्माण के लिए धनराशि स्वीकृत की गई थी। काफी समय बाद विभाग ने पिलर तैयार कर पुल की ढलाई तो करा दी, लेकिन दोनों तरफ अप्रोच रोड, फिनिशिंग सहित अन्य जरूरी कार्य आज तक अधूरे पड़े हैं। इससे करोड़ों की लागत से तैयार हो रहा निर्माण कार्य भी उपयोग में नहीं आ पा रहा है।
सबसे गंभीर स्थिति पुराने पुल के पास बनी हुई है। यहां सड़क का करीब तीन से चार फीट हिस्सा क्रैक होकर धंस गया है, जिस पर झाड़-झंखाड़ उग आए हैं। रात में तेज गति से आने वाले वाहनों के लिए यह स्थान बेहद खतरनाक साबित हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि किसी वाहन का पहिया धंसे हुए हिस्से पर चला गया तो वाहन अनियंत्रित होकर नदी में गिर सकता है और बड़ी दुर्घटना हो सकती है। ग्रामीणों का कहना है कि विभाग किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार करने के बजाय तत्काल नए पुल का निर्माण पूरा कराए और धंसी सड़क की मरम्मत कराकर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करे। लोगों ने चेतावनी दी है कि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा।
रिपोर्ट-बबलू राय