आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। पूर्व प्रदेश मीडिया प्रभारी (किसान मोर्चा), पूर्व राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य (किसान मोर्चा) एवं पूर्व डी.यू.आर.सी. सदस्य व दीदारगंज विधान सभा के वरिष्ठ भाजपा नेता अनिल सिंह, निवासी नर्वे, ठेकमा, आजमगढ़ ने लोक निर्माण विभाग आजमगढ़ में कथित भ्रष्टाचार एवं निर्माण कार्यों में अनियमितता का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश सहित लोक निर्माण विभाग के उच्चाधिकारियों से शिकायत की है। शिकायत आईजीआरएस के माध्यम से भी दर्ज कराई गई है। उन्होंने पूरे मामले की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
शिकायत में लोक निर्माण विभाग के कुछ अधिकारियों पर आरोप लगाया गया है कि वर्ष 2022 से वर्ष 2025-26 तक नवीनीकरण के लिए स्वीकृत कुछ सड़कों का बांड बनने के बावजूद कार्य शुरू नहीं कराया गया, जबकि धनराशि के गबन का आरोप लगाया गया है। शिकायत में पवई-मित्तूपुर, पवई से खैरूद्दीनपुर, अम्बारी से आंधीपुर संपर्क मार्ग, कलाफतपुर संपर्क मार्ग, मार्टिनगंज-फूलपुर मार्ग से दाढ़ीडीह, मार्टिनगंज-फूलपुर मार्ग से कनेरी, लखनऊ-बलिया मार्ग से मनरा तथा चकचुर्रा-कमालपुर संपर्क मार्ग सहित कई सड़कों का उल्लेख किया गया है।
शिकायतकर्ता अनिल सिंह का आरोप है कि इन कार्यों में हैंड ड्राइवर्जन के माध्यम से धन के गबन तथा एक्स्ट्रा आइटम के नाम पर अनियमितता की गई है। साथ ही ग्रामीण मार्गों पर पैच मरम्मत के लिए शासन से उपलब्ध कराई गई धनराशि के बावजूद कई स्थानों पर कार्य नहीं कराए जाने का भी आरोप लगाया गया है।
अनिल सिंह ने निर्माण खंड-2 से संबंधित कैश आउटलेट एवं चेकबुक रजिस्टर सहित संबंधित अभिलेखों की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। उन्होंने मुख्यमंत्री एवं संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच पूरी होने तक संबंधित विधानसभा क्षेत्रों से जुड़ी योजनाओं में प्रस्तावित परिवर्तन/स्थानांतरण पर रोक लगाई जाए, ताकि किसी भी प्रकार की वित्तीय अनियमितता जांच के दायरे से बाहर न हो।
अनिल सिंह ने कहा मेरा उद्देश्य किसी व्यक्ति विशेष को दोषी ठहराना नहीं, बल्कि सरकारी धन का सही उपयोग और जनता के हित में पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित कराना है। जांच में जो तथ्य सामने आएं, उनके आधार पर नियमानुसार कार्रवाई होनी चाहिए।