लालगंज आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। जामिया फ़ैज-ए-आम देवगांव में गुरुवार को एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कस्बा देवगांव के तीन छात्रों मोहम्मद उमैर पुत्र अबू जैद, मोहम्मद हम्ज़ा पुत्र अबुल जैश और मोहम्मद आरिज पुत्र मोहम्मद कौसर के हिफ़्जे-कुरआन मुकम्मल करने पर संस्थान की ओर से उनकी दस्तारबंदी की गई और उन्हें पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।
नाज़िम मौलाना अब्दुल्ला कासमी ने बताया कि मोहम्मद हम्ज़ा ने मात्र तेरह महीने में पूरा कुरआन हिफ़्ज किया है, जो उसकी बेहतरीन योग्यताओं और लगन का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि हिफ़्जे-कुरआन मुकम्मल करने पर जहां माता-पिता और अभिभावकों के लिए खुशी का अवसर है, वहीं यह एक बड़ी जिम्मेदारी भी लेकर आती है। बच्चों की सही तालीम, निगरानी और उन्हें माहौल उपलब्ध कराना समय की अत्यंत महत्वपूर्ण आवश्यकता है। मौलाना क़ासमी ने लड़कियों की शिक्षा पर भी विशेष बल दिया, ताकि वे बेहतर आचरण और चरित्र के साथ आगे बढ़ सकें। उपस्थित जनता ने नये हाफिजों को शुभकामनाएं दीं और उनके उज्ज्वल भविष्य की दुआ की।
इस अवसर पर नसीम अहमद, अबुल कलाम, मंसूर अहमद, शमशाद अहमद, मोहम्मद ताबिश, शाह आलम, हामिद अली, मेराज अहमद, अबू साद, हाफ़िज जाहिद, मोहम्मद फैसल, मास्टर आज़ाद, मौलाना ख़ालिद, क़ारी ज़ाकिर, मास्टर शादाब, इमरान अहमद आदि मौजूद रहे। मौलाना मोहम्मद राशिद क़ासमी की दुआ के साथ कार्यक्रम संपन्न हुआ।
रिपोर्ट-मकसूद अहमद