अनुभवों और आवश्यकताओं के अनुसार हो पाठ्यक्रम: प्रो. दीनानाथ

शेयर करे

रानीकीसराय आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। विजय न्यास द्वारा वरिष्ठ समाजसेवी विजय बहादुर यादव की द्वितीय पुण्यतिथि पर एक स्मृति सभा तथा राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन धनेश्वर नगर में किया गया। विषय था, ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा का महत्व। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज के प्रो. दीनानाथ मौर्य ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र की आवश्यकता और अनुभवों को ध्यान में रखकर पाठ्यक्रमों का निर्माण होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को यदि अवसर प्राप्त हों तो वे बहुत बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। वयोवृद्ध क्रांतिकारी नेता हरिमंदिर पाण्डेय ने कहा कि समाज को अंधविश्वास और पाखंड से निकलना बहुत जरूरी है। इसके बिना सामाजिक विकास संभव नहीं है। भाजपा लालगंज के जिला मंत्री शैलेन्द्र नाथ यादव ने कहा कि विजय बहादुर यादव का शिक्षा के प्रति बहुत गहन लगाव था और वे हर संभव प्रयास करते थे कि प्रतिभाशाली विद्यार्थियों की सहायता की जा सके।
विजय न्यास की तरफ से सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। वकील साहब ‘प्रखर विद्यार्थी सम्मान’ स्वीटी शर्मा को, मेधावी विद्यार्थी सम्मान अनुराधा को तथा संभावनाशील विद्यार्थी सम्मान शशि को प्रदान किया गया। साथ ही वर्ष 2026 के लिए यह सम्मान अवधी के प्रसिद्ध लोक गायक और कवि बृजेश कुमार यादव को प्रदान किया गया।
समन्वयक राजीव गांधी विश्वविद्यालय, अरुणाचल प्रदेश के सहायक प्रोफेसर डॉ. अभिषेक कुमार यादव ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा के प्रति जागरूकता विकसित करना है।
इस अवसर पर युवा नेता राजीव यादव, दुर्गविजय राम, तारकेश्वर ओझा, केदार यादव, रामरूप यादव आदि मौजूद रहे।
रिपोर्ट-प्रदीप वर्मा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *