आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। आरटीई एक्ट लागू होने से पूर्व नियुक्त शिक्षकों के टीईटी अनिवार्यता के विरोध में संघर्ष के लिए एकजुट शिक्षक संगठनों के बने मोर्चे -अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ के आह्वान पर जिले भर के शिक्षकों ने मसाल जुलूस निकाला। यह मसाल जुलूस डीएवी इंटर कॉलेज के पास स्थित गांधी तिराहे से प्रारंभ होकर कलेक्ट्रेट चौराहे पर जाकर समाप्त हुआ।
इस कार्यक्रम के माध्यम से जिले भर से आए शिक्षकों ने सरकार से आरटीई एक्ट लागू होने से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को राहत देने की मांग की। इसके लिए प्रदेश भर के शिक्षक संगठनों ने मिलकर महासंघ का गठन किया है,
माध्यमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष और इस महासंघ के आजमगढ़ इकाई के मुख्य जिलासंयोजक सुशील कुमार ने कहा कि पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर नई शर्तें थोपना न्यायोचित नहीं है। टीईटी की अनिवार्यता समाप्त होनी चाहिए। डॉ० राम उजागिर शुक्ल ने कहा कि आज का दिन हमारे लिए महत्वपूर्ण है। आज हम सब ने मशाल जलाकर सरकार का ध्यान आकृष्ट किया है, जिससे टेट की अनिवार्यता को समाप्त किया जा सके। अटेवा के जिला अध्यक्ष सुभाष चन्द यादव ने बताया कि आज तो हमने मसाल जुलूस निकालकर सरकार का ध्यान आकृष्ट किया है अगर हमारी मांगे नहीं मानी गई तो हम अगले महीने में लखनऊ में एक बड़ी रैली भी करेंगे।
रिपोर्ट-प्रमोद यादव/ज्ञानेन्द्र कुमार