आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। एंटी करप्शन कोड आफ इंडिया के मंडल संरक्षक के नेतृत्व में घोरठ में पत्रकार स्वरमिल चंद्रा की भावभीनी विदाई दी गई। इस मौके पर भारी संख्या में पत्रकार व साहित्यकार उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता जेपी निषाद ने की।
साहित्यकार संजय कुमार पांडे ने कहा कि स्वरमिल चंद्रा का जनपद में कार्यकाल बहुत ही सराहनीय रहा उन्होंने पत्रकारिता के क्षेत्र में साहसिक कार्य किया जिसकी प्रशंसा सभी लोगों ने की है। संचालन कर रहे श्रमिक नेता कवि प्रभु नारायण पांडे प्रेमी ने चंद्रा के सम्मान में गीत प्रस्तुत किया। उपवन मेरा सूना सूना मन का दर्द हुआ है दूना मीत हृदय का जैसे मुझसे नाता तोड़ चला। अपने सम्मान में आयोजित विदाई समारोह को संबोधित करते स्वरमिल चंद्रा ने कहा जनपद से जो स्नेह प्यार अपनत्व मुझे मिला है उसे मैं भुला कर भी भूल नहीं सकता। सुभाष चंद्र तिवारी कुंदन ने कहा कि चंद्रा साहब का कार्यकाल को भुला नहीं सकता। सभा की अध्यक्षता कर रहे जेपी निषाद ने कहा कि स्वरमिल चंद्रा के साथ मुझे कार्य करने का मौका मिला उनसे मैंने पत्रकारिता के क्षेत्र में काफी कुछ सीखा। इस अवसर पर वीरेंद्र यादव कैलाश मनोज विश्वकर्मा, सुनील, श्रीपति राम, संजीव तिवारी, मनोज पांडे इत्यादि लोग मौजूद रहे।
रिपोर्ट-प्रमोद यादव/ज्ञानेन्द्र कुमार