माहुल आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। अहरौला थाने पर शनिवार को समाधान दिवस का आयोजन किया गया जिसमें राजस्व विभाग का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी नहीं पहुंचा। पुलिस को राजस्व विवादों को सुलझाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। समाधान दिवस पर जमीन संबंधी विवाद के आठ प्रार्थना पत्र आए।
जनमानस की समस्याओं के समाधान के लिए माह के दूसरे और चौथे शनिवार को समाधान दिवस का आयोजन किया जाता है। सरकारी आदेश यह है कि थाने पर राजस्व विभाग के जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी तथा पुलिस प्रशासन के लोग लोगों की समस्याओं को एक साथ मिल बैठकर समाधान कराएगें। पर आलम यह है कि थाना समाधान दिवस पर राजस्व विभाग के अधिकारी उदासीन बने हुए है और नहीं पहुंच रहे। शनिवार को अहरौला थाने के समाधान दिवस पर राजस्व विवादों से संबंधित आठ प्रार्थनापत्र प्रस्तुत हुए जिसमें क्षेत्र के कोर्राघाटमपुर में रामआसरे सिंह का रास्ते का विवाद और अतरडीहा गांव में तमन्ना बानो के घर में विपक्षियों द्वारा दरवाजा न लगाने देने का विवाद प्रमुख है। राजस्व विभाग के अधिकारी की अनुपस्थिति में पुलिस द्वारा किसी तरह से शिकायतकर्ताओं को संतुष्ट किया गया। कुछ तो बिना निराकरण के ही प्रार्थना पत्र देकर घर चले गए।
इस अवसर पर थानाध्यक्ष अहरौला प्रदीप कुमार, रविन्द्र पांडेय, कुलदीप सिंह, नेहा शुक्ला, राजस्व निरीक्षक कृष्ण कुमार यादव, चंदन सिंह आदि मौजूद रहे।
इस संबंध में थानाध्यक्ष अहरौला प्रदीप कुमार का कहना था कि राजस्व विभाग के अधिकारी के न होने से मामलों के निस्तारण में समस्या हो रही है। फिर भी पुलिस अपने स्तर से ज्यादा से ज्यादा समस्या के निराकरण का हर संभव प्रयास कर रही है।
रिपोर्ट-श्यामसिंह