माहुल आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। अहरौला विकास खंड के ग्राम पंचायत गनवारा में एक व्यक्ति ने प्रधान पर उसकी कृषि भूमि में रास्ता बनवा कर खड़ंजा लगवाने का आरोप लगाया है। पीड़ित ने खंड विकास अधिकारी अहरौला और उपजिलाधिकारी फूलपुर को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है।
गनवारा गांव में गाटा संख्या 136 राजस्व अभिलेखों में रामचरन और संतोष राजभर आदि की भूमिधरी है जिसमें वे खेती करते हैं। ठीक उसी के पश्चिम और उत्तर गाटा संख्या 135 चक मार्ग है जो गांव के लिंक सड़क से काली जी के स्थान तक जाता है। बीते 20 मई को प्रधान शीला देवी के प्रार्थना पत्र पर एसडीएम संत रंजन द्वारा मापी हेतु छः सदस्यी राजस्व टीम का गठन किया गया था। जिसमें राजस्व निरीक्षक सुनील कुमार और लेखपाल महेंद्र गुप्ता, पंकज कुमार, संतोष निश्रा, मयंक सिंह और हल्का लेखपाल मिथिलेश मौर्य शामिल थे। 27 मई को राजस्व टीम ने जब इस चक मार्ग की मापी की तो उक्त चक मार्ग पर गांव के राधेश्याम, इंद्रेश राजन आदि का अवैध कब्जा पाया गया जिसकी रिपोर्ट राजस्व टीम ने एसडीएम को मापी के एक दिन बाद सौंप दिया।
गाटा संख्या 136 के मालिक रामचरन और संतोष का आरोप है कि प्रधान द्वारा राजस्व टीम की मापी में चिन्हित चक मार्ग बनवाने के बजाय उसकी भूमिधरी में आनन फानन में मिट्टी डाल कर चकमार्ग पर खड़ंजा लगवा दिया गया और ब्लाक में पहुंच कर अधिकारियों पर भुगतान का दबाव बनाने लगे। संतोष द्वारा बीडीओ और एसडीएम को दिए गए शिकायती पत्र में मांग की है कि उसकी भूमि में लगे अवैध खड़ंजे को हटाया जाय और इसमें व्यय धन का भुगतान रोका जाए।
इस संबंध में एसडीएम संत रंजन श्रीवास्तव का कहना है राजस्व टीम द्वारा चिन्हित किए गए चक मार्ग के अलावा यदि प्रधान द्वारा भूमिधरी में इसे बनवाया गया है तो प्रधान के विरुद्ध विधि सम्मत कार्यवाही की जायेगी।
रिपोर्ट-श्यामसिंह