फूलपुर आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। मुख्य अभियंता विद्युत मंडल आजमगढ़ द्वारा सभी विद्युत उपकेंद्रों के अधिकारियों को जर्जर व ढीले तारों को बदलने तथा केबलों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके बावजूद क्षेत्र में लापरवाही का आलम यह है कि विद्युत विभाग के निचले स्तर के अधिकारी इन आदेशों का पालन नहीं कर रहे हैं, जिसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ रहा है।
क्षेत्र के विभिन्न गांवों में ढीले विद्युत तारों के आपस में टकराने से निकलने वाली चिंगारी सूखे खेतों में आग का कारण बन रही है। इससे किसानों की खड़ी फसल जलकर राख हो रही है और अन्नदाता के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि उच्चाधिकारी केवल कार्यालयों में बैठकर निर्देश जारी कर देते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर उनकी मॉनिटरिंग नहीं होती। तहसील स्तरीय अधिकारी भी लाइनमैन और ठेकेदारों के भरोसे काम छोड़ देते हैं, जिससे स्थिति और बिगड़ रही है।
फूलपुर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े पश्चिम पट्टी, पूरब पट्टी, दुबैठा और धर्मदासपुर गांवों में हालात बदतर हैं। कई जगहों पर तारों के बीच ईंट लटकाकर उन्हें अलग रखने का अस्थायी जुगाड़ किया गया है, जबकि नियम के अनुसार रस्सों से खींचकर तारों को ठीक से कसा जा सकता था।
ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों से मांग की है कि वे क्षेत्र का निरीक्षण कर ढीले तारों को तत्काल दुरुस्त कराएं, ताकि किसानों की फसलों को आग लगने की घटनाओं पर रोक लग सके।
रिपोर्ट-पप्पू सिंह/मुन्ना पाण्डेय