सभी जातियों का गढ़ बनायेंगे आजमगढ़: ओम प्रकाश राजभर

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अतरौलिया आजमगढ़ (सृष्टिमीडिया)। हैदरपुर गांव स्थित रॉयल मैरिज हॉल में रविवार को सुभासपा की ओर से सामाजिक समरसता क्षेत्र अतरौलिया के जोनल प्रभारी, सेक्टर प्रभारी और बूथ स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की मौजूदगी रही और पूरा मैरिज हॉल खचाखच भरा रहा। कार्यक्रम का संचालन शुभम मिश्रा ने किया।
मुख्य अतिथि प्रदेश सरकार के पंचायती राज मंत्री एवं सुभासपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने कहा कि उनकी पार्टी सभी जाति और वर्ग के लोगों को साथ लेकर चलने में विश्वास रखती है। संगठन गांव, गरीब और किसान की समस्याओं को उठाने के साथ ही लोगों के जीवन स्तर में सुधार और उन्हें शिक्षा से जोड़ने के लिए काम कर रहा है। उन्होंने दावा किया कि जनवरी 2026 से 22 जुलाई 2026 तक अतरौलिया क्षेत्र के लोगों के इलाज के लिए 8 करोड़ 45 लाख रुपये की सहायता दी गई। इसके अलावा सिकंदरपुर-नरियांव और कप्तानगंज-गोपालपुर मार्ग समेत गांवों की छोटी-छोटी गलियों को सड़क और नाली से जोड़ने के लिए करीब नौ करोड़ रुपये के विकास कार्य कराए गए हैं।
श्री राजभर ने कहा कि सपा की गुंडई खत्म करने के लिए वह अतरौलिया आए हैं। अतरौलिया को सपा का गढ़ कहा जाता है, लेकिन अब आजमगढ़ को सभी जातियों का घर बनाया जाएगा। गरीबों के साथ अन्याय करने वाले लोगों को नौकरी नहीं करने देने की बात भी उन्होंने कही।
विशिष्ट अतिथि सुभासपा के राष्ट्रीय महासचिव अरुण राजभर ने कहा कि जो अधिकारी और कर्मचारी सपा के इशारे पर काम कर रहे हैं, उनकी सूची तैयार की जा रही है। समय आने पर उनका भी हिसाब किया जाएगा।उन्होंने कार्यकर्ताओं और जनता से संवाद करते हुए पूछा कि उन्हें ‘पव्वा’ चाहिए या ‘पावर’। जनता की प्रतिक्रिया के बाद उन्होंने कहा कि यदि जनता पार्टी के लिए एक कदम चलेगी तो वह उसके लिए 100 कदम चलने का काम करेंगे। अरुण राजभर ने कहा कि तीन साल तक क्षेत्र में रहकर उन्होंने जनता के दुख-दर्द को समझा है। आरोप लगाया कि 15 साल तक जिसे जनता ने अपना प्रतिनिधि बनाया, उसे क्षेत्र के लोगों की समस्याएं दिखाई नहीं दीं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में दो सांसद और 10 विधायक हैं, लेकिन वे जनता के बीच नहीं जाते। उन्होंने दावा किया कि जनता के बीच से मदद के लिए जो भी उनके पास आया, उसे निराश नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि अहिरौला-कप्तानगंज मार्ग 15 वर्षों से निर्माण की प्रतीक्षा में था। 58 करोड़ रुपये की लागत से 21 किलोमीटर सड़क के निर्माण का काम कराया गया। वहीं 13 करोड़ रुपये की लागत से नरियांव-सिकंदरपुर मार्ग का निर्माण कराया गया।
सम्मेलन में रामकुमार गुप्ता, अनीता राजभर, राकेश गौड़, अमरमणि कश्यप, मनजीत अहमद, अनुज कुमार चौहान, दीपक यादव समेत बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
रिपोर्ट-आशीष निषाद

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